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बातें……..ये बातें……अब बातें अक्सर होती हैं,कभी शाम की रुनझुन से,कभी नींद मे खोई आँखों से,कभी नन्ही चिड़िया की धड़कन से,तो कभी अपने ही जज्बातों से,ये बात और है की बाते करने को…..अब कोई शख्स नही मिलता,अब आइनो मे मुझको अपना अक्स नही मिलता,पर बातें……ये बातें………अब बातें अक्सर होती हैं,कभी गुम होती आवाज़ों से,कभी बेरंग अधूरे [...]
बरसो-ए-बादल टूटकर कि भीग जाएँ हम,पलकों को भिगाने से पहले….सिसकती धड़कनें भी झूम लें,जी लें, हर बूँद को कुछ देर यूँही,दिल की हलचल के ठहर जाने से पहले…….ना जाने कब से उलझे हैं हम,इन हथेलियों की सिलवटों में,कुछ यूँ बरसो,कि धुल जाए हर हक़ीक़तख्वाबों को फिर से अधूरा छोड़ जाने से पहले……क्या पता कैसा हो [...]
सुना है, सूरज की करवट से तूफ़ाँ रुख बदलते हैं,हमने दिल की हलचल बदलने को,ज़रा सी धूप पी ली है,हवाएं भी गुज़रती हैं,इन पिघली सी आँखों को छूकर,कुसूर इनका नही,इस दौर के दिलों की मासूमियतमे ही कुछ तबदीली है,ज़रा सी धूप पी ली है,दिल है की बहा दूँ ये दिल हीकिसी दरिया में,पर क्या करूँ,इस [...]
टूटते तारों के असर की वो अदाएँ याद हैं,बाहों मे सिमटने वाली वो हवाएं याद हैं,ख्वाबों के फूलों पर थिरकती थी ख्वाहिशों की बूंदे,आज प्यासे हैं लब,फिर भी उनकी तरावट याद है,ना जाने कितनी मासूम कोशिशें कीहमने पानी पर नाम लिखने की,पर हर बार बहते अक्षरों कीवो मिटती लकीरे याद हैं,दिलों के प्याले तंग हैं,और [...]
जब मौसम का मिज़ाज़ बदला, और उलझा हसरतों का कारवाँ,तब मीठी मुस्कान के पीछे हमने, दर्द डुबोना सीख लिया,चुपके-चुपके…..छिप-छिपकर हमने रोना सीख लिया,जब डर था कहीं भीड़ मे साँसे,साँसे बन जाएँ ना सिसकियाँ,तो फिर काग़ज़ के पन्नो पर ही,हमने जीना सीख लिया,चुपके-चुपके….छिप-छिपकर हमने रोना सीख लिया,जब रोज़ रात को ख्वाबों के,आने पर कुछ अरमान जगें,फिर पल [...]
बड़ी जुस्तजू से आँखों मे दरिया बाँध रखा है,इन्हे अब इल्म है कि ख्वाबों का शहर छूट जाएगा,मेरी गली का चाँद आज ढल जाएगा,ये बेबाक अल्हड़ हवाए भी रूठ कर बैठी हैं,कोई समझाए इन्हे कि मेरी आंखो मे ये अश्क़ नहीं,बस यादो के मोती हैं,ले जाओ बिखेर दो इन्हे किसी सहरा में,शायद मेरा गम ही [...]
आसमां की पलकों पर ठहर कुछ बूंदे गिरीं,इस ज़मीं के आँचल तले,इतना खूबसूरत दर्द है,तो कैसे ना…….ये जिया जले,खामोश फूलों को हँसाने की कोशिश में,देखो ना कोई गीत गुनगुनाते हैंभँवरे अपने ‘रूँधे गले’,तो कैसे ना……..ये जिया जले,मासूम मोहब्बत की ‘बारिश’ में,इक बार भीगकर तो देखिए,जब समझ आ जाए पीहू की तड़प,तो कैसे ना……..ये जिया जले,जब [...]
आज रोशनी जलाने मे देर हो गयी,इस दिल को समझाने मे देर हो गयी,रूठे हुए थे हम ना जाने कब से,और खुद को मनाने मे देर हो गयी,बरस रही थी सरगम बूंदों के संग,और हमे गुनगुनाने मे देर हो गयी,आज रोशनी जलाने मे देर हो गयी,जाने कब ये शाम आ बैठी हमारे पहलू में,और सूरज [...]
आवाज़ ना दो हमको, ग़ुम हो जाने दो,ज़िंदगी के रंगो को आज़माने दो,दुखते हैं मेरे पाँव इन सख्त राहो पर चलते-चलते,अब कुछ देर इन्हे यूँ हि ठहर जाने दो,आवाज़ ना दो हमको, ग़ुम हो जाने दो,ना जाने ये धड़कने आज इतनी गुमसुम क्यों हैं,रोको ना हमे अब ज़रा इन्हें मनाने दो,हमें मालूम है कि इन [...]
इन ज़ख़्मों का कर्ज़ मै कैसे चुकाऊँ,मेरी आँखों के दरिया मे आज पानी कम है,गर तुम्हे है दर्द तो दे दो मुझे उधार,मेरे दिल में अब एहसासों की रवानी कम है,हर बार इस आईने ने मुझे कुछ इस कदर घेरा,कि मेरे ज़हन के समंदर में,खुशियों की बाद बानी कम है,जिन साँसों पर किया मैने पूरा [...]
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